Monday, June 15, 2026
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प्रशासन ने 3 बाल विवाह रुकवाए, परिवारों को समझाइश दी—लड़के की न्यूनतम उम्र 21 और लड़की की 18 वर्ष होना अनिवार्य

एमसीबी। जिले में बाल विवाह जैसी कुप्रथा के खिलाफ प्रशासन ने एक बार फिर त्वरित कार्रवाई करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर प्राप्त सूचना के आधार पर ग्राम कोडांगी (थाना खड़गवां), ग्राम पंचायत केलुआ एवं ग्राम पंचायत दुगला थाना केल्हारी में होने वाले बाल विवाह को समय रहते रोका गया।

सूचना मिलते ही कलेक्टर डी. राहुल वेंकट के निर्देश एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी आदित्य शर्मा के मार्गदर्शन में जिला बाल संरक्षण अधिकारी ने तत्काल संयुक्त टीम का गठन किया। ब्लॉक परियोजना अधिकारी के नेतृत्व में गठित इस टीम में सेक्टर सुपरवाइजर, जिला बाल संरक्षण इकाई, चाइल्ड हेल्पलाइन, थाना केल्हारी एवं थाना खड़गवां का पुलिस बल, विधिक सेवा प्राधिकरण बैकुंठपुर के सदस्य, सरपंच और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता शामिल रबाल विवाह पर जानिए क्या है सजा का प्रावधान

टीम ने तीनों स्थानों पर पहुंचकर बाल विवाह की प्रक्रिया को रुकवाया और संबंधित परिवारों को समझाइश दी। अधिकारियों ने मौके पर ही बाल विवाह के दुष्परिणामों और इसके कानूनी पहलुओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि बाल विवाह एक गंभीर सामाजिक और कानूनी अपराध है, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता। बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के तहत जानकारी देते हुए बताया गया कि इस प्रकार के विवाह में शामिल किसी भी व्यक्ति जैसे पंडित, पुरोहित, टेंट संचालक, रिश्तेदार या अन्य सहयोगी को 2 वर्ष तक की सजा और 1 लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है। साथ ही यह भी बताया गया कि विवाह की वैधानिक आयु बालक के लिए 21 वर्ष और बालिका के लिए 18 वर्ष निर्धारित की गई है।

बाल विवाह हाेने पर टोल फ्री नंबर 1098 पर दें सूचना

कार्रवाई के दौरान संबंधित प्रकरणों में पंचनामा एवं प्रतिवेदन भी तैयार किया गया। प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे बाल विवाह जैसी कुप्रथा को रोकने में सक्रिय भूमिका निभाएं और ऐसी किसी भी सूचना को तत्काल टोल फ्री नंबर 1098 पर साझा करें। इस त्वरित और प्रभावी कार्रवाई ने न केवल तीन बाल विवाहों को रोककर नाबालिगों के भविष्य को सुरक्षित किया है, बल्कि समाज में एक सशक्त संदेश भी दिया है कि कानून के विरुद्ध किसी भी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।हे

Ravindra Singh Bhatia
Ravindra Singh Bhatiahttps://ppnews.in
Chief Editor PPNEWS.IN. More Details 9755884666
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