Thursday, November 5, 2026
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जशपुर में नींव बहुभाषी शिक्षा कार्यक्रम के तहत सादरी भाषा में द्वितीय चरण की शिक्षण-सामग्री निर्माण कार्यशाला आयोजित


जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (DIET) जशपुर में शैक्षणिक सत्र 2026-2027 के द्वितीय चरण हेतु कक्षा 1 और 2 के बच्चों के लिए सादरी भाषा में शिक्षण-सामग्री विकास का कार्य तीव्र गति से किया जा रहा है। इस श्रृंखला में 2 नवंबर से 5 नवंबर 2026 तक 4 दिवसीय सामग्री निर्माण कार्यशाला का आयोजन डाइट जशपुर में किया जा रहा है।
इस कार्यशाला में जिला स्रोत समूह (DRG) के सदस्य बच्चों के स्थानीय संदर्भ, संस्कृति और उनके परिवेश को ध्यान में रखते हुए 12 ‘बिग बुक’ के साथ-साथ बच्चों की अभ्यास पुस्तिकाएँ और शिक्षक संदर्शिका तैयार करने में कड़ी मेहनत कर रहे हैं।
इस पूरी गतिविधि में डाइट जशपुर द्वारा हर संभव सहयोग प्रदान किया जा रहा है। डाइट की उप-प्राचार्या श्रीमती संगीता भोई मैडम, श्री पैंकरा सर और श्री राठौर सर के मार्गदर्शन में सामग्री विकास की प्रक्रिया सुचारू रूप से संचालित हो रही है। इस कार्यशाला में लैंग्वेज एंड लर्निंग फाउंडेशन (LLF) की राज्य, जिला और ब्लॉक स्तरीय टीम के सदस्य भी अकादमिक एवं तकनीकी सहयोग प्रदान कर रहे हैं।
यह सामग्री विकास कार्यशाला जशपुर जिले के दो चयनित विकासखंडों—बगीचा और कुनकुरी में संचालित ‘नींव बहुभाषी शिक्षा (MLE) कार्यक्रम’ का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। इन दोनों विकासखंडों में बच्चों की मातृभाषा ‘सादरी’ है, जिसे विद्यालयी भाषा (हिंदी) में दक्षता हासिल करने के लिए एक मजबूत पुल के रूप में उपयोग किया जाता है।
उल्लेखनीय है कि इस बहुभाषी शिक्षा कार्यक्रम का क्रियान्वयन वर्तमान शैक्षणिक सत्र 2026-2027 में राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (SCERT), छत्तीसगढ़ के मार्गदर्शन तथा लैंग्वेज एंड लर्निंग फाउंडेशन (LLF) के तकनीकी व अकादमिक सहयोग से किया जा रहा है। यह कार्यक्रम दोनों ब्लॉकों के कुल 202 प्राथमिक विद्यालयों की कक्षा 1 और 2 में लागू है।
द्वितीय चरण के इस सामग्री निर्माण से पूर्व पहले चरण के लिए, बगीचा और कुनकुरी विकासखंड में 5 दिवसीय शिक्षक प्रशिक्षण तथा संकुल अकादमिक समन्वयकों (CAC) का 3 दिवसीय सहयोगात्मक पर्यवेक्षण प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण किया जा चुका है।
प्रथम चरण में जिला स्रोत समूह द्वारा तैयार की गई सामग्री—जैसे अभ्यास पुस्तिकाएँ, शिक्षक संदर्शिका, बिगबुक, कविता चार्ट, कहानी की पुस्तकें, चित्र चार्ट और ग्रिड कार्ड—के सफल उपयोग के बाद, अब द्वितीय चरण की सामग्री तैयार की जा रही है। सामग्री निर्माण के पश्चात जिला शिक्षा विभाग और LLF टीम की मदद से संकुल एवं विकासखंड अकादमिक समन्वयकों द्वारा शाला अवलोकन के दौरान इन सामग्रियों का कक्षाओं में प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा।

Ravindra Singh Bhatia
Ravindra Singh Bhatiahttps://ppnews.in
Chief Editor PPNEWS.IN. More Details 9755884666
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