
जशपुर। भारतीय जनता पार्टी द्वारा प्रदेशव्यापी ‘संविधान हत्या दिवस’ के तहत गुरुवार को बगीचा स्थित यादव भवन में आपातकाल की 51वीं बरसी पर जिला स्तरीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। संगोष्ठी में वर्ष 1975 में लगाए गए आपातकाल को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का सबसे काला अध्याय बताते हुए वक्ताओं ने कहा कि सत्ता बचाने के लिए संविधान की आत्मा, लोकतांत्रिक संस्थाओं और नागरिकों के मौलिक अधिकारों का जिस निर्ममता से दमन किया गया, उसे देश कभी भूल नहीं सकता। कार्यक्रम में भाजपा के पूर्व प्रदेश महामंत्री कृष्ण कुमार राय, छत्तीसगढ़ माटीकला बोर्ड के अध्यक्ष शम्भूनाथ चक्रवर्ती तथा वरिष्ठ समाजसेवी एवं मीसाबंदी विश्वनाथ गुरुजी ने संबोधित किया।
मुख्य वक्ता कृष्ण कुमार राय ने कहा कि 25 जून 1975 की मध्यरात्रि भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में काले अक्षरों में दर्ज है। सत्ता के अहंकार में पूरे देश पर आपातकाल थोपकर संविधान की मूल भावना को कुचल दिया गया। लाखों नागरिकों के मौलिक अधिकार छीन लिए गए, विपक्षी नेताओं, पत्रकारों, विद्यार्थियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं को जेलों में ठूंस दिया गया तथा प्रेस पर सेंसरशिप लगाकर अभिव्यक्ति की आजादी का गला घोंट दिया गया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए जेलों में यातनाएं सहने वाले लोकतंत्र सेनानियों का संघर्ष राष्ट्र की अमूल्य धरोहर है और कांग्रेस के इस कृत्य को देश कभी माफ नहीं करेगा। नई पीढ़ी को आपातकाल की सच्चाई से अवगत कराना हम सभी की जिम्मेदारी है।
छत्तीसगढ़ माटीकला बोर्ड के अध्यक्ष शम्भूनाथ चक्रवर्ती ने कहा कि संविधान केवल एक दस्तावेज नहीं, बल्कि भारत के लोकतांत्रिक जीवन का आधार है। आपातकाल के दौरान इसी संविधान की आत्मा को कुचलने का प्रयास किया गया। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी लोकतंत्र, संविधान और राष्ट्रहित की रक्षा के लिए निरंतर संघर्षरत रही है और प्रत्येक कार्यकर्ता का दायित्व है कि वह लोकतांत्रिक मूल्यों को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाए तथा आपातकाल के काले अध्याय की वास्तविकता से नई पीढ़ी को परिचित कराए।
वरिष्ठ समाजसेवी एवं मीसाबंदी विश्वनाथ गुरुजी ने अपने संस्मरण साझा करते हुए कहा कि आपातकाल के दौरान हजारों लोकतंत्र सेनानियों ने जेलों में अमानवीय यातनाएं झेलीं, लेकिन राष्ट्र और लोकतंत्र के प्रति अपने संकल्प से कभी विचलित नहीं हुए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए दिया गया प्रत्येक बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा।
कार्यक्रम की प्रस्तावना जिला महामंत्री मुकेश शर्मा ने रखते हुए कहा कि आपातकाल के काले अध्याय को जन-जन तक पहुंचाना समय की आवश्यकता है। संचालन जिला महामंत्री मनीष अग्रवाल ने किया तथा समापन एवं आभार प्रदर्शन जिला उपाध्यक्ष उपेन्द्र यादव ने किया।
जिला भाजपा मीडिया प्रभारी फैज़ान सरवर खान ने बताया कि संगोष्ठी में रीना बरला,गेंदविहारी सिंह, शंकर गुप्ता, अरविन्द भगत, अनिता सिंह, मालती जी, गायत्री नागेश, केशव यादव, हरिश आरिक, राजकुमार गुप्ता, उमेश यादव, मुकेश सोनी आंनद यादव, प्रतीक सिंह, राजकिशोर जायसवाल, हरिशंकर यादव सहित भाजपा पदाधिकारी, मंडल अध्यक्ष, जनप्रतिनिधि, लोकतंत्र सेनानी, प्रबुद्धजन तथा बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

