Sunday, July 5, 2026
No menu items!
HomeBlogनवाचार , पर्यावरण संरक्षण संदेश तथा सुघर छत्तीसगढ़ जानकारी के साथ शाला...

नवाचार , पर्यावरण संरक्षण संदेश तथा सुघर छत्तीसगढ़ जानकारी के साथ शाला प्रवेश उत्सव शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला ‌-मटासी

*

जशपुर


राज्य शासन के निर्देश एवं नवाचारी गतिविधियां समूह के रोचक थीम के अनुसार शाला प्रवेश उत्सव से मटासी ग्राम के शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला ‌-मटासी में शाला प्रवेश उत्सव का माहौल देखते ही बन रहा था शाला के बाहरी द्वारा पर शाला प्रवेश उत्सव का बैनर दो दिन पूर्व से लागाकर बच्चों को एवं पालकों को निमंत्रित किया गया जिसमें नवप्रवेशी छात्रों के पालक ग्रामीण जन मुख्य अतिथि बीडीसी श्री संजय बंग विशिष्ट अतिथि संकुल समन्वयक श्री जुबराज यादव कार्यक्रम अध्यक्ष शाला समिति अध्यक्ष श्री विश्वनाथ राम उपाध्यक्ष श्री चंदन यादव प्राथमिक शाला के भी पालक नवप्रवेशी छात्र एवं शाला के सभी शिक्षक का उत्साह देखते ही बन रहा था शाला में मुख्य अतिथि विशिष्ट अतिथि कार्यक्रम अध्यक्ष, उपाध्यक्ष स्वागत पश्चात शाला के अन्दर आने के लिए नवप्रवेशी छात्रों के पदचाप चिन्ह हेतु अलते की व्यवस्था थी जिसमें से होकर आने पर छात्रों के पदचाप शाला पर छप रहे थे उसके पश्चात् शाला नवप्रवेशी छात्रों के हाथों के चिन्हों को दिवाल पर लगे ड्राइंग शीट पर लिया गया जिससे नव प्रवेशी बच्चों के चेहरे पर मुस्कान आ गई क्योंकि शादी में सभी ऐसा नव प्रवेशी दुल्हन के साथ होते देखते हैं उसके पश्चात उनके लिए विशेष राष्ट्रीय नवाचारी शाला प्रवेश उत्सव का बैनर लगाया गया था जिसमें लिखा स्कूल आ पढ़ेबर ज़िन्दगी ला गढ़े सर लिखा दिखा जिसे बच्चे बहुत उत्सुक होकर समझने का प्रयास कर रहे थे तब माइक संचालन कर रहे शाला के शिक्षक शशि कुमार सिंह ने छात्रों को बताया की बच्चों में आपका स्कुल नहीं सकुल है जहां आपको अच्छा परिवेश व शिक्षा को प्रदान करने हेतु नई तकनीक जिसे नवचार कहते हैं जिसमें आपको नये -नये तरिके से शिक्षा प्रदान करेंगे उनकी बातों को सुनकर नवप्रवेशी व सभी छात्रों के चेहरे पर मुस्कान आ गई उसके पश्चात नवप्रवेशी बच्चों को चन्दन रोली लगाकर फुल छिड़कर उनका पुनः स्वागत करते हुए उन्हें शाला नव प्रवेशी बेच लगाया गया यह उनके लिए बिल्कुल नया था क्योंकि अब तक शिक्षक दिवस पर छात्र शिक्षक को बेच लगाते थे उसके पश्चात शाला की पुरानी छात्रों के द्वारा उन्हें जल की तीन अवस्थाओं को प्रयोग द्वारा दिखाया गया जो की नवप्रवेशी छात्रों के लिए रोचक नवाचार हो गया उसके पश्चात उन्हें खाने सोडा को पानी में डालकर उसके गैस से गुब्बारा को फूलते हुए दिखाया गया जिससे सभी हतप्रभा हो गये तब शाला की प्रधान पाठक श्रीमती सरिता नायक ने छात्रों को बताया की इससे भी अच्छे -अच्छे रोचक नवाचारी गतिविधियों से आपको शाला में शिक्षा प्रदान किया जायेगा । छात्रों के उत्साह को देखते हुए नवप्रवेशी के स्वागत क्रम को आगे बढ़ाते हुए उन्हें रसगुल्ले खिलाकर उन्हें पुस्तक एवं गणवेश का वितरण किया गया नवप्रवेशी छात्रों के स्वागत पश्चात शाला में निर्मित सिड बाल का शाला परिसर रोपड़ करते हुए पूरे ग्रामीण जन , पालक तथा
छात्रों को सिड बाल उगाबो पर्यावरण बचाबो का नारा लगाया गया उसके पश्चात शाला समिति अध्यक्ष श्री विश्वनाथ राम जी ने छात्रों का प्रतिदिन स्कूल आकर अच्छे से पढ़ाई करने हेतु प्रोत्साहित किया गया विशिष्ट अतिथि संकुल समन्वयक श्री जुबराज यादव जी ने छात्रों को पुस्तक एवं गणवेश वितरण की बधाई देते हुए प्रतिदिन उत्साह पूर्वक पढ़ाई करने का निर्देश दिया मुख्य अतिथि बीडीसी श्री संजय बंग जी ने छात्रों का उत्साह के क्रम को बढ़ाते हुए पढ़ाई के साथ खेल कूद के उन्हें जो भी आवश्यक खेल का समान लगेगा वह अपनी ओर से शाला को प्रदान करेंगे कहा गया कार्यक्रम कीअगली दृश्य में शाला के बच्चों नवाचार के रूप में पूरी आदिवासी परिवेश के विषय में गायन व नृत्य जीवन्त रूप से दिखाया कार्यक्रम के समापन से पूर्व शाला की प्रधान श्रीमती सरिता नायक द्वारा धन्यवाद ज्ञापित करते हुए बताया गया की एक ही तरिके से पढ़ाई करने पर छात्रों में पढ़ाई के प्रति उदासीनता आती है इसलिए नवाचार जरूरी होता है और अन्त में भी नवाचार के रूप में हमर सुघर छत्तीसगढ़ नृत्य में छत्तीसगढ़ के स्थानों व विशेषता का वर्णन किया गया।

Ravindra Singh Bhatia
Ravindra Singh Bhatiahttps://ppnews.in
Chief Editor PPNEWS.IN. More Details 9755884666
RELATED ARTICLES
- Advertisment -spot_img

Most Popular

Would you like to receive notifications on latest updates? No Yes